Agniveer Bharti 2026: बिहार के हजारों युवाओं के लिए फरवरी का पहला सप्ताह एक नई उम्मीद लेकर आ रहा है। सेना में भर्ती होकर देश की सेवा करने का सपना देख रहे युवाओं के लिए अग्निवीर भर्ती रैली की शुरुआत होने जा रही है। कल यानी 02 फरवरी 2026 से बिहार के कटिहार जिले में यह भर्ती रैली शुरू होगी, जिसमें राज्य के 12 जिलों से आने वाले छह हजार से अधिक युवा अभ्यर्थी भाग लेंगे। यह रैली न केवल नौकरी का अवसर है, बल्कि युवाओं को अनुशासन, नेतृत्व और राष्ट्रसेवा की भावना से जोड़ने का एक मजबूत मंच भी है।
Agniveer Bharti 2026: कटिहार में होगा भर्ती रैली का आयोजन
सेना भर्ती कार्यालय कटिहार के दिशा-निर्देश पर यह अग्निवीर भर्ती रैली 02 फरवरी से 13 फरवरी 2026 तक आयोजित की जाएगी। रैली का आयोजन कटिहार जिले के गढ़वाल मैदान में किया जा रहा है, जहां दूर-दराज से युवा अभ्यर्थी पहुंचेंगे। इस आयोजन को लेकर जिला प्रशासन और सेना भर्ती कार्यालय ने व्यापक तैयारियां की हैं, ताकि अभ्यर्थियों को किसी भी तरह की असुविधा न हो।
12 जिलों के युवाओं को मिलेगा मौका
इस भर्ती रैली में बिहार के कुल 12 जिलों के युवा शामिल होंगे। अनुमान है कि छह हजार से अधिक अभ्यर्थी इस रैली में हिस्सा लेंगे। अलग-अलग जिलों से आने वाले युवाओं के लिए यह एक साझा मंच होगा, जहां वे अपनी शारीरिक और मानसिक क्षमता का प्रदर्शन कर सकेंगे। ग्रामीण पृष्ठभूमि से आने वाले कई युवाओं के लिए यह भर्ती रैली जीवन बदलने वाला अवसर साबित हो सकती है।
चयन प्रक्रिया: पारदर्शी और चरणबद्ध व्यवस्था
सेना भर्ती अधिकारियों के अनुसार, अग्निवीर भर्ती की चयन प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष बनाया गया है। सबसे पहले अभ्यर्थियों को ऑनलाइन पंजीकरण करना होगा। इसके बाद कॉमन एंट्रेंस एग्जाम (CEE) चयन प्रक्रिया की पहली सीढ़ी होगी। CEE में सफल होने वाले अभ्यर्थियों को आगे शारीरिक दक्षता परीक्षा, शारीरिक माप परीक्षण और अंत में मेडिकल जांच से गुजरना होगा। सभी चरणों में सफल अभ्यर्थियों का ही अंतिम चयन किया जाएगा।
रैली की तैयारियों में प्रशासन पूरी तरह सतर्क
अग्निवीर भर्ती रैली को लेकर प्रशासन और सैन्य प्राधिकरण पूरी तरह सतर्क हैं। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए विशेष पुलिस बल की तैनाती की गई है। इसके साथ ही ट्रैफिक कंट्रोल, गार्डिंग, प्राथमिक चिकित्सा और आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं की भी पूरी व्यवस्था की गई है। रैली स्थल के आसपास विशेष पुलिस पेट्रोलिंग की जा रही है, ताकि किसी भी तरह की अव्यवस्था से बचा जा सके।
दलालों से सावधान रहने की अपील
सेना भर्ती अधिकारियों ने अभ्यर्थियों को स्पष्ट रूप से चेतावनी दी है कि वे किसी भी दलाल या एजेंट के झांसे में न आएं। भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन और मेरिट आधारित है। अधिकारियों का कहना है कि अगर कोई व्यक्ति पैसे लेकर भर्ती कराने का दावा करता है, तो उसकी तुरंत सूचना प्रशासन या सेना भर्ती कार्यालय को दी जाए।
अग्निपथ योजना का उद्देश्य क्या है
अग्निपथ योजना का उद्देश्य केवल युवाओं की भर्ती करना नहीं है, बल्कि उन्हें एक अनुशासित, आत्मनिर्भर और जिम्मेदार नागरिक के रूप में तैयार करना भी है। चार साल की सेवा अवधि के दौरान युवा न केवल सैन्य प्रशिक्षण प्राप्त करते हैं, बल्कि उनमें नेतृत्व क्षमता, टीमवर्क और देशभक्ति की भावना भी विकसित होती है। सेवा अवधि के बाद वे समाज में लौटकर अपने कौशल का उपयोग कर सकते हैं।
अभ्यर्थियों के लिए जरूरी सलाह
सेना अधिकारियों ने अभ्यर्थियों और उनके अभिभावकों से अपील की है कि वे भर्ती रैली स्थल पर समय से पहुंचें और सभी आवश्यक दस्तावेज साथ लेकर आएं। अनुशासन बनाए रखना, निर्देशों का पालन करना और शांतिपूर्ण तरीके से प्रक्रिया में शामिल होना हर अभ्यर्थी की जिम्मेदारी है।
निष्कर्ष: मेहनत और अनुशासन से खुलेगा सफलता का रास्ता
कटिहार में शुरू हो रही अग्निवीर भर्ती रैली बिहार के युवाओं के लिए एक बड़ा अवसर है। यह न केवल रोजगार का माध्यम है, बल्कि देशसेवा और आत्मविकास की दिशा में उठाया गया मजबूत कदम भी है। जो युवा मेहनत, अनुशासन और ईमानदारी के साथ इस प्रक्रिया में शामिल होंगे, उनके लिए भारतीय सेना का रास्ता जरूर खुलेगा।








