Bihar Election 2025: बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के बीच राजनीति में एक और बड़ा मोड़ सामने आया है। राष्ट्रीय जनता दल (RJD) प्रमुख लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे और जनशक्ति जनता दल के संस्थापक तेज प्रताप यादव को केंद्र सरकार ने Y-Plus कैटेगरी की सुरक्षा प्रदान की है। गृह मंत्रालय के आदेश के बाद अब केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) के कमांडो उनकी सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालेंगे।
Bihar Election 2025: केंद्र सरकार से मांगी थी अतिरिक्त सुरक्षा
हाल ही में तेज प्रताप यादव ने बिहार की कानून व्यवस्था को लेकर चिंता जताई थी। उन्होंने मीडिया से कहा था, “बिहार में हालात ऐसे हैं कि कब, कहां से हमला हो जाए, कुछ कहा नहीं जा सकता।” उन्होंने केंद्र सरकार से सुरक्षा बढ़ाने की मांग की थी, जिसे अब स्वीकार कर लिया गया है। सूत्रों के मुताबिक, सुरक्षा एजेंसियों की रिपोर्ट में उनके ऊपर हमले की आशंका जताई गई थी। इसी के बाद केंद्र ने उन्हें Y-Plus कैटेगरी सुरक्षा देने का निर्णय लिया।
क्या होती है Y-Plus कैटेगरी सुरक्षा?
Y-Plus श्रेणी की सुरक्षा में कुल 11 कमांडो तैनात किए जाते हैं। इनमें से 5 जवान स्थायी रूप से वीआईपी के घर और आसपास रहते हैं, जबकि 6 PSO (Personal Security Officers) अलग-अलग शिफ्ट में 24 घंटे सुरक्षा देते हैं। यह सुरक्षा किसी भी संभावित खतरे से बचाव के लिए उच्चस्तरीय मानी जाती है।
तेज प्रताप यादव की पार्टी और सिंबल विवाद
तेज प्रताप यादव ने हाल ही में निर्वाचन आयोग (EC) का दरवाजा खटखटाया था। उन्होंने आरोप लगाया कि उनकी पार्टी जनशक्ति जनता दल के सिंबल का दुरुपयोग किया गया है। उनका कहना था कि पार्टी के प्रत्याशी श्याम किशोर चौधरी ने बिना अनुमति महागठबंधन और वीआईपी प्रमुख मुकेश सहनी से समर्थन ले लिया, जो पार्टी के नियमों के खिलाफ है। इस पर आयोग ने तेज प्रताप से आधिकारिक शिकायत मांगी है ताकि कानूनी कार्रवाई की जा सके।
भाजपा से नजदीकी पर बढ़ी चर्चा
तेज प्रताप यादव की सुरक्षा बढ़ने के साथ-साथ भाजपा से उनकी नजदीकी की चर्चा भी तेज हो गई है। बताया जा रहा है कि हाल ही में उन्होंने भाजपा सांसद रवि किशन से लंबी बातचीत की थी। राजनीतिक गलियारों में इसे भविष्य की संभावनाओं से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि तेज प्रताप ने इस पर कोई सीधी टिप्पणी नहीं की है, लेकिन उनके रुख से सियासी हलचल जरूर तेज हो गई है।
तेज प्रताप यादव की सुरक्षा और उनके हालिया राजनीतिक संकेत यह दर्शाते हैं कि बिहार की सियासत में नए समीकरण बन सकते हैं। जहां एक ओर RJD परिवार में अलग-अलग विचारों की स्थिति बनी हुई है, वहीं दूसरी ओर तेज प्रताप लगातार अपनी अलग राजनीतिक पहचान गढ़ने में लगे हैं।
तेज प्रताप यादव को Y-Plus सुरक्षा मिलने के साथ यह साफ हो गया है कि अब वे बिहार की राजनीति में एक अहम भूमिका निभाने जा रहे हैं। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि उनकी यह बढ़ी हुई सुरक्षा और भाजपा नेताओं के साथ बढ़ती मुलाकातें क्या नया राजनीतिक संदेश देती हैं।








