Rabri Awas: लालू परिवार ने जब से पटना के 10 सर्कुलर रोड वाले सरकारी बंगले को खाली किया है, उसे लेकर अब बिहार की सियासत में घमासान मचा हुआ है. लगातार इस मामले पर जनता दल यूनाइटेड द्वारा गंभीर सवाल उठाए जा रहे हैं और तरह-तरह के आरोप प्रत्यारोप का सिलसिला जारी है.
इसी बीच देखा जाए तो अब जेडीयू ने यह पूछा है कि आखिर रात के समय किसके आदेश पर अचानक सरकारी आवास को खाली किया गया. आपको बता दे कि मौजूदा समय में तेजस्वी यादव और लालू प्रसाद यादव यह दोनों ही बिहार में मौजूद नहीं है. इन दोनों की गैर मौजूदगी में अचानक 25 दिसंबर की रात से सरकारी आवास को खाली करने को लेकर घमासान मचा हुआ है.
Rabri Awas: जदयू ने भवन निर्माण विभाग को लिखा पत्र
जदयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने भवन निर्माण विभाग को एक पत्र लिखा है, जिसमें उन्होंने मांग की है कि बंगले में मौजूद सभी सरकारी सामान जिसमें पंखा, एसी, बाथरूम फिटिंग, टोंटी, गीजर, शौचालय कमोड, खिड़की- दरवाजे समेत अन्य वस्तुओं की विधिवत निगरानी कराई जाए और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित की जाए.
अपने पत्र में नीरज कुमार ने यह भी कहा कि राबड़ी देवी के परिवार की अनुपस्थिति में रात के समय में बंगला खाली किया गया और इस दौरान पिकअप वैन के माध्यम से आवास परिसर से गमले और पौधे बाहर ले जाए गए. उन्होंने यह सवाल उठाया है कि परिसर में मौजूद गमला और पौधा उद्यान विभाग की संपत्ति है या निजी. साथ ही साथ यह भी सवाल उठाया गया कि राबड़ी देवी और उनके परिवार की गैर मौजूदगी में पिकअप वैन को परिसर में प्रवेश की अनुमति किसके आदेश से दी गई.
दो दशक से लालू परिवार का ठिकाना था राबडी़ आवास
आपको बता दें कि पटना में कई जगह पर लालू परिवार के नाम प्रॉपर्टी है. इसके बावजूद भी 2006 से 10 सर्कुलर रोड स्थित सरकारी बंगले में लालू परिवार रह रहा था जहां पर उन्हें कैबिनेट मंत्री के स्तर की सुविधा मिली हुई थी ऐसे में सत्ता पक्ष का यह कहना है कि भवन निर्माण विभाग द्वारा उपलब्ध जो भी सामग्री कराई गई है उसे सुरक्षित अवस्था में विभाग को सौपा जाए. यह परिवार की जिम्मेदारी बनती है.








