NEET Student Murder: नीट छात्रा मौत मामले में अब एसआईटी टीम ने तीन लोगों को हिरासत में लिया है, जिनसे गंभीर रूप से पूछताछ की जा रही है. आपको बता दें कि जब से इस मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन किया गया है, तब से लगातार एक के बाद एक खुलासे किए जा रहे हैं. फिलहाल हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ की जा रही है और इलाज से लेकर इस पूरे घटना तक सभी बिंदुओं पर बारीकी से जांच हो रही है.
आपको बता दें कि पुलिस की लापरवाही के बाद अब नीतिश सरकार ने इस मामले को एसआईटी को सौंप दिया है, ताकि निष्पक्ष रूप से जांच हो. फिलहाल मृतिका की मेडिकल रिपोर्ट को खंगाला जा रहा है. साथ ही साथ अस्पताल कर्मचारियों से भी घंटो तक पूछताछ की गई.
NEET Student Murder: मामले में पुलिस की दिखी लापरवाही
जब हॉस्टल के कमरे में छात्रा अचेत अवस्था में मिली तो उस छात्रा का मामला मेडिको लीगल केस होना चाहिए था जो कि पुलिस ने नहीं किया. इसके अलावा 6 जनवरी को ही चित्रगुप्त नगर पुलिस स्टेशन की थाना प्रभारी रोशनी कुमारी को एफआईआर की प्रक्रिया शुरू कर देनी चाहिए थी और हॉस्टल के साथ-साथ कमरे को सील करना था.
इसके बाद फॉरेंसिक टीम बुलाई जाती लेकिन उन्होंने एक भी काम नहीं किया. हॉस्टल का कमरा कई दिनों तक खुला रहा जिस कारण सबूत से छेड़छाड़ करने का पूरा मौका आरोपी को मिला. यही वजह है कि इस मामले को पूरी तरह सुसाइड का रूप देने की कोशिश की गई जिसमें कई बड़े अधिकारी भी शामिल है.
अभी तक नहीं हुई गिरफ्तारी
पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में नीट की तैयारी कर रही छात्रा के साथ पहले दरिंदगी हुई और फिर उसकी हत्या कर दी गई, लेकिन अभी तक इस मामले में किसी की गिरफ्तारी नहीं हो पाई है, जिस कारण पूरे राज्य भर में लोगों में उबाल नजर आ रहा है. पीड़िता के परिवार द्वारा पहले ही आरोप लगाया जा रहा था कि उनकी बेटी के साथ कुछ गलत हुआ है लेकिन प्रशासन और पुलिस इस बात को मानने से इनकार कर रही थी, लेकिन लगातार विपक्ष के दबाव बनाने के बाद अब सरकार ने एसआईटी का गठन किया है इसके बाद इस मामले की गहनता से जांच हो रही है.
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